चार झारखंडी छात्र जापान के वैज्ञानिक कार्यक्रम में भाग लेने के लिए तैयार, पृष्ठभूमि में सकुरा विज्ञान कार्यक्रम का लोगो और जापानी संस्कृति के तत्व
चार झारखंडी छात्र जापान के वैज्ञानिक कार्यक्रम में भाग लेने के लिए तैयार, पृष्ठभूमि में सकुरा विज्ञान कार्यक्रम का लोगो और जापानी संस्कृति के तत्व

विज्ञान और संस्कृति के इस आदान-प्रदान का अनुभव, इस यात्रा को देख रहे किसी छात्र या शिक्षक के लिए प्रेरणादायक संदर्भ है।

झारखंड के छात्रों का जापान के प्रतिष्ठित विज्ञान कार्यक्रम में चयन कहानी का प्रवाह और मुख्य तथ्य

झारखंड के चार छात्रों का चयन जापान के प्रतिष्ठित SAKURA Science High School Programme (SSHP) के लिए हुआ है। यह एक सप्ताह तक चलने वाला कार्यक्रम 24 से 30 मई 2026 तक आयोजित होगा। कार्यक्रम के तहत छात्रों को जापान विज्ञान और प्रौद्योगिकी एजेंसी (JST) द्वारा आमंत्रित किया जाता है, जिसका उद्देश्य वैश्विक छात्रों में विज्ञान और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देना है।

चयनित छात्र गिरिडीह, गोड्डा, दुमका और धनबाद से हैं। उनके साथ पर्यवेक्षक के रूप में सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस, धनबाद के पीजीटी शिक्षक कनिष्क कुमार भी जापान जाएंगे। वे 22 मई को रवाना होंगे और 31 मई को रांची लौटेंगे।

कार्यक्रम के दौरान छात्र नोबेल पुरस्कार विजेताओं की विशेष कक्षाओं में भाग लेंगे, प्रमुख जापानी विश्वविद्यालयों और अनुसंधान संस्थानों का दौरा करेंगे। इसके अलावा, जापानी संस्कृति का अनुभव भी शामिल है। यह अवसर छात्रों के वैज्ञानिक दृष्टिकोण और अंतर्राष्ट्रीय नजरिए को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

तथ्य

  • 24 से 30 मई 2026 तक जापान में SAKURA Science High School Programme आयोजित होगा।
  • झारखंड से चार छात्र और एक पर्यवेक्षक कनिष्क कुमार का चयन हुआ है।
  • छात्र गिरिडीह, गोड्डा, दुमका और धनबाद के हैं।
  • छात्र नोबेल पुरस्कार विजेताओं की कक्षाओं में भाग लेंगे और जापानी अनुसंधान संस्थानों का दौरा करेंगे।
  • छात्र 22 मई को जापान रवाना होंगे और 31 मई को रांची लौटेंगे।

Canto का विज़ुअल न्यूज़ एक्सप्लेनर। उत्पादन में AI टूल सहायता कर सकते हैं। संपादकीय नीति