
जीतेंद्र की जान बची थी करवा चौथ के दिन, उस दिन के फैसले का संदर्भ एक दोस्त या सहकर्मी के साथ समझने लायक है।

जीतेंद्र की जान बची थी करवा चौथ के दिन कहानी का प्रवाह और मुख्य तथ्य
बॉलीवुड अभिनेता जीतेंद्र एक बार विमान दुर्घटना से बाल-बाल बच गए थे। 1970 के दशक में उन्हें चेन्नई जाना था, लेकिन उनकी पत्नी शोभा कपूर करवा चौथ के व्रत के कारण उन्हें जल्दी नहीं भेज पाईं। इस देरी की वजह से जीतेंद्र उस फ्लाइट में नहीं बैठ पाए जो बाद में दुर्घटनाग्रस्त हो गई। वह इंडियन एयरलाइंस की फ्लाइट 171 थी, जिसमें उनके एक सह-अभिनेता की मौत हो गई। जीतेंद्र ने यह कहानी कपिल शर्मा के शो में साझा की थी।
जीतेंद्र और शोभा कपूर की जोड़ी न केवल निजी जीवन में मजबूत रही बल्कि उनके पारिवारिक जीवन में भी कई चुनौतियां आईं। उनकी शादी 1973 में टल गई थी क्योंकि जीतेंद्र के पिता बीमार थे। इस दौरान जीतेंद्र की फिल्में फ्लॉप होने लगीं और शोभा डिप्रेशन में चली गईं। जीतेंद्र ने वादा किया कि अगली हिट फिल्म पर शादी कर लेंगे। फिल्म 'बिदाई' ब्लॉकबस्टर साबित हुई और 31 अक्टूबर, 1974 को दोनों ने शादी कर ली।
आज जीतेंद्र और शोभा कपूर न केवल एक लंबे समय तक चले वैवाहिक जीवन के लिए जाने जाते हैं बल्कि अपने बच्चों एकता और तुषार कपूर के माता-पिता होने के लिए भी प्रसिद्ध हैं। उनके पोते-पोतियों लक्ष्य और रवि कपूर का जन्म आईवीएफ और सरोगेसी के जरिए हुआ था। यह कहानी न केवल एक दुर्घटना से बचने की है बल्कि एक मजबूत रिश्ते की भी है जिसने जीवन के उतार-चढ़ाव में साथ दिया।
तथ्य
- जीतेंद्र की पत्नी शोभा कपूर की वजह से उनकी फ्लाइट में देरी हुई, जिससे वे विमान दुर्घटना से बच गए।
- दुर्घटनाग्रस्त फ्लाइट इंडियन एयरलाइंस की फ्लाइट 171 थी, जिसमें उनके सह-अभिनेता की मौत हो गई।
- जीतेंद्र और शोभा कपूर की शादी 1974 में हुई, जब जीतेंद्र की फिल्म 'बिदाई' हिट हुई।
- जीतेंद्र ने यह कहानी कपिल शर्मा के शो में साझा की थी।
Canto का विज़ुअल न्यूज़ एक्सप्लेनर। उत्पादन में AI टूल सहायता कर सकते हैं। संपादकीय नीति





